गोवा के प्रमुख बीच, चर्च, मंदिर और बढ़िया समुंद्री व्यंजन !


गोवा के प्रमुख बीच, चर्च, मंदिर और बढ़िया समुंद्री व्यंजन !
गोवा के प्रमुख बीच, चर्च, मंदिर और बढ़िया समुंद्री व्यंजन !

भारत के सर्वाधिक लोकप्रिय पर्यटन स्थलों में से गोवा भी एक है. यहां एक से बढ़कर एक खूबसूरत बीच यानी समुंद्री तट है, तो इतिहास के पन्नों में झांकने के लिए एक से बढ़कर एक किले भी हैं.

कहीं सम्मिलित संस्कृति की झलक देते मंदिर हैं, तो कहीं गिरजाघर, कला प्रेमियों के लिए संग्रहालय और कला दीर्घाएं हैं, तो खाने-पीने के शौकीनों के लिए बढ़िया बढ़िया समुंद्री व्यंजन. सबसे बढ़कर यहां के मिलनसार लोग हैं जो गोवा आए देशी-विदेशी पर्यटकों का भरपूर स्वागत करते हैं.

गोवा के विषय में कहा जाता है कि यहां कहीं से कोई पत्थर फेंका जाए तो वह या तो किसी चर्च पर गिरेगा या किसी मंदिर पर, ऐसा इसलिए कहा जाता है क्योंकि यहां गिरजाघरों और मंदिरों की भरमार है.

गोवा के प्रमुख दर्शनीय स्थल : Famous Tourist Places in Goa

अंजुना बीच, डोनापाला बीच, बेतूल बिच, कलंगूट बीच, कोलवा बीच, अगोंडा बीच, मीरामार बीच, पणजी, बोम जीसस चर्च, कैथेड्रल, श्री भगवती मंदिर, श्री मंगेश मंदिर, चर्च ऑफ़ अवर लेडी ऑफ़ रोजरी तथा चर्च ऑफ़ सेंट फ्रांसिस ऑफ असीसी.

गोवा के प्रमुख बीच : Goa ke famous Beach

अंजुना बीच : Anjuna Beach

अंजुना बीच : Anjuna Beach

अंजुना बीच गोवा की राजधानी पणजी से मात्र 18 किलोमीटर दूर है. यह बीच चपोरा किले के बेहद नजदीक है.
इसी बीच के पास ही अपनी खूबसूरत गुंबदों के लिए प्रसिद्ध अल्बुकर्क महल है जो सन 1920 में बनवाया गया था. यह बीच हिप्पी लड़के लड़कियों का पसंदीदा बीच है. यहां आप हजारों की संख्या में हिप्पियों को नंगे बदन धूप स्नान करते देख सकते हैं.
पणजी से 50 किलोमीटर की दूरी पर अरामबोल बीच है. उत्तरी गोवा में स्थित इस बीच की विशेषता यहां चट्टानों पर की गई कलाकारी है.

डोनापाला बीच : Dona Paula Beach (Panjim)

डोनापाला बीच : Dona Paula Beach (Panjim)

इस लुभावने तथा प्रसिद्ध पर्यटन स्थल पर सागर कि कलकल करती लहरें सागर तट को छू कर वापस चली जाती है.
यहां से आप मारगोआ हार्बर तथा जुआरी नदी के लुभावनी दृश्य भी देख सकते हैं.

बेतूल बीच : Betul Beach

बेतूल बीच : Betul Beach

यह बीच मडगांव से 20 किलोमीटर दूर है. दक्षिण गोवा का यह बीच अपनी लंबाई और दोनों और फैले पाम के वृक्षों के लिए प्रसिद्ध है.

कलंगूट बीच : Calangute Beach

कलंगूट बीच : Calangute Beach

यह गोवा का सबसे आकर्षक बीच माना जाता है. पणजी से इसकी दूरी मात्र 6 किलोमीटर है.
मार्च, अप्रैल और मई में यहां सैलानियों की भीड़ उमड़ पड़ती है. बोलकाओ से बेतूल तक 28 किलोमीटर की लंबाई में फैला यह समुद्र तट विश्व के सर्वोत्तम सागर तट में एक माना जाता है.

कोलवा बीच : Colva Beach

कोलवा बीच : Colva Beach

कलंगूट बीच के बाद सबसे अधिक सैलानी कोलवा बीच पर ही आते हैं. यह बीच पणजी के दक्षिणी मडगांव से 6 किलोमीटर दूर है. इस बीच पर धूप सेकने का मजा कुछ और ही है.

अगोंडा बीच : Aguada Beach

अगोंडा बीच : Aguada Beach

यह बीच मडगांव से 35 किलोमीटर दूर है. क्योंकि यहां कम संख्या में सैलानी आते हैं इसलिए शांति पसंद लोगों के लिए यह एक आदर्श बीच है. यहां के आसपास के पहाड़ी टीलों पर फैली हरियाली पर्यटकों का मन मोह लेती है.

मीरामार बीच : Miramar Beach

मीरामार बीच : Miramar Beach

मीरामार बीच गोल्डन बीच के नाम से भी जाना जाता है. पणजी से यह केवल 3 किलोमीटर दूर है. गोवा के जिन तटों पर सर्वाधिक हरियाली है उनमें मीरामार भी एक है. पणजी का निकटतम बीज होने के कारण यहां सैलानियों का तांता लगा रहता है.

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पणजी : Panjim, Goa

पणजी : Panjim, Goa

उत्तरी गोवा में मांडवी नदी के तट पर बसा पणजी शहर गोवा की राजधानी तो है ही साथ-साथ यह एक रूमानी शहर भी है यहां बीजापुर के नवाब का पुराना महल विशेष रुप से दर्शनीय है.

गोवा का सबसे प्रसिद्ध चर्च : Famous Church in Goa

बाम जीसस चर्च : Bom Jesus Church

बाम जीसस चर्च : Bom Jesus Church

16वीं शताब्दी में बनाया गया यह चर्च गोवा का सबसे प्रसिद्ध गिरजाघर है. यहां सेंट फ्रांसिस जेवियर का पार्थिव शरीर चांदी की एक ताबूत में सुरक्षित रखा गया है. जिसे हर 10 साल बाद दर्शनार्थ हेतु बाहर रखा जाता है.

कैथेड्रल : Cathedral church

कैथेड्रल : Cathedral church

इस चर्च का निर्माण 450 वर्ष पहले किया गया था. लगभग 75 वर्ष में बनकर तैयार होने वाला यह चर्च पुरानी गोवा में बाम जीसस चर्च के नजदीक ही है. इस चर्च में पांच खूबसूरत घंटियां लगी है, जिनमें सुनहरी घंटी गोवा की विशालतम घंटियों में से एक है.

चर्च ऑफ़ अवर लेडी ऑफ़ रोजरी : Church of Our Lady of the Rosary Goa

Church of Our Lady of the Rosary Goa

यह गोवा का प्राचीन गिरजाघर है. इसमें पुर्तगाली अल्फांसो डी अल्बुकर्क के 1590 ईस्वी में गोवा आगमन के विवरण सुरक्षित हैं.

चर्च ऑफ़ सेंट फ्रांसिस ऑफ़ असीसी : church of saint francis of assisi goa

church of saint francis of assisi goa

यह गोवा के प्रमुख गिरजाघरों में से एक है इसके भीतरी भाग में आकर्षक चित्रकारी की गई है.

गोवा का सबसे प्रसिद्ध मंदिर : Famous mandir ya temple in Goa

श्री भगवती मंदिर : Sri Bhagwati Mandir

श्री भगवती मंदिर : Sri Bhagwati Mandir
यह मंदिर लगभग 500 साल पुराना है. पणजी से 28 किलोमीटर दूर परनेम में स्थित इस मंदिर में हाथियों के आकार की दो प्रतिमाएं काले पत्थरों से बनाई गई है. यहां देवी भगवती की सुंदर प्रतिमा विशेष रूप से देखने योग्य है.

श्री मंगेश मंदिर : Shri Mangesh mandir

श्री मंगेश मंदिर : Shri Mangesh mandir

पणजी से 23 किलोमीटर दूर पोंडा में स्थित यह मंदिर लगभग 400 साल पुराना है. यह गोवा का सबसे आकर्षक मंदिर है. हरी-भरी पहाड़ियों से घिरा यह मंदिर भगवान शिव को समर्पित है तथा श्वेत रंग से सुसज्जित है.

अन्य दर्शनीय स्थल : Famous places near Goa

  • बागोड़ा का किला
  • मेयम झील
  • केसरवाल प्रपात
  • दूधसागर प्रपात
  • गोवा संग्रहालय
  • वन्य जीव अभयारण्य, बोंडला

गोवा घूमने कब जाएं : Goa ghumne kab jayen : Best time to visit goa

गोवा भ्रमण हेतु उपयुक्त समय अक्टूबर से मई तक का है. जून से सितंबर तक यहां बारिश होती है, अतः इन दिनों यहां कम पर्यटक आते हैं. यहां का तापमान वर्षभर 20 से 33 डिग्री रहता है अतः गर्म कपड़ों की जरूरत नहीं पड़ती.


गोवा के महत्वपूर्ण ऐतिहासिक तथ्य : Goa ke mehtvpurna aitihasik tathya

  • गोवा का इतिहास ईसा पूर्व तीसरी शताब्दी में मौर्य साम्राज्य के समय मिलता है. ईसापूर्व दूसरी शताब्दी में कोंकण क्षेत्र पर सातवाहन राजवंश के शासक कृष्ण शातकणी का प्रभुत्व था.
  • प्राचीन काल में गोवा का नाम गापकपटटन या गोमन्त था.
  • सं 1471 से गोवा बहमनी शासकों के अधीन रहा, लेकिन उसके बाद 1489 में बीजापुर के शासक आदिल शाह ने इसे अपने अधीन कर लिया.
  • पुर्तगाली साहसी राज्यपाल अलबुकर्क ने बीजापुर के आदिलशाह से 25 नवंबर 1510 में गोवा छीन लिया.
  • अलबुकर्क ने उसी दिन गोवा सेंट केथरीन को समर्पित कर दिया.
  • सं 1755 से 1824 तक सतारी के राने लोगों ने 14 बार विद्रोह किया लेकिन हर बार पुर्तगालियों द्वारा विद्रोह को दबा दिया गया.
    1862 में प्रथम गोवा निवासी लुइस फ्रांसिस्को ने पूर्ण स्वाधीनता की मांग रखी.
  • 18 जून 1946 को स्वाधीनता संग्राम एक महत्वपूर्ण चरण में पहुंचा.
  • सन 1954 में इस आंदोलन को पहली स्वतंत्रता तब मिली जब दमन के नजदीक स्थित दादरा और नागर हवेली को आजाद कराया गया.
  • 19 दिसंबर 1961 में बड़ी लड़ाई लड़े बिना गोवा मुक्त हो गया.

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