जापान के स्कूलों में बच्चों के साथ की जाती है ऐसी क्रूरता !


जापान के स्कूलों में बच्चों के साथ की जाती है ऐसी क्रूरता !
जापान के स्कूलों में बच्चों के साथ की जाती है ऐसी क्रूरता !

दोस्तों हम जब भी अपने बच्चों का किसी स्कूल में एडमिशन घर आते हैं, तो ये सोचते हैं कि उस स्कूल की शिक्षा स्तर अच्छी होनी चाहिए. ताकि हमारे बच्चे का भविष्य उज्जवल बन सके. लेकिन आज हम आपको ऐसे स्कूल के बारे में बता रहे हैं जिनके नियम-कानून को जानकर कोई भी मां-बाप शायद अपने बच्चे को वहां पढ़ाना नहीं चाहेगा. क्योंकि यहां के नियम-कानून इतने कठोर हैं की सोच कर हीं आपके मुंह से ‘उफ्फ’ निकल आए. ऐसे कठोर नियम वाले स्कूल जापान में है. यहां स्कूल के बच्चों के साथ बहुत हीं क्रूरता के साथ पेश आया जाता है. चलिए जानते हैं कि कौन से हैं वो कठोर नियम.

मोबाइल फोन का इस्तेमाल

जापान के स्कूल में यहां पढ़ने वाले छात्रों को मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने की इजाजत स्कूल प्रबंधन की ओर से नहीं है. ये कानून सिर्फ स्कूल के अंदर तक हीं सीमित नहीं है, बल्कि स्कूल के पार्किंग गेट के बाहर भी छात्रों को मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने की मनाही है.

रिलेशन में रहने की आजादी नहीं

यहां के छात्रों को किसी के साथ भी रिलेशन में रहने की आजादी नहीं है. और ना हीं वो किसी के साथ डेट पर जा सकते हैं. क्योंकि इसके पीछे इन की मान्यता है कि ऐसा करने से छात्रों की पढ़ाई पर गलत असर पड़ता है.

हेयर डाई, नेलपेंट, आईब्रो इत्यादि बनाने की इजाजत बिल्कुल भी नहीं

छात्र-छात्राओं को हेयर डाई, नेलपेंट, आईब्रो इत्यादि बनाने की इजाजत बिल्कुल भी नहीं है.

स्कूल पहुंचने में लेट

अगर कोई छात्र 1 महीने में 5 दिन से ज्यादा स्कूल पहुंचने में लेट करता है, तो उसे महीने भर स्कूल की सफाई करनी पड़ती है.

गहने पहनने की इजाजत नहीं

छात्र-छात्राओं को किसी भी तरह के गहने पहनने की इजाजत नहीं है.

यूनिफार्म के साथ किसी तरह की छेड़खानी नहीं

स्कूल के अंदर छात्र-छात्राएं अपने यूनिफार्म के साथ किसी तरह की छेड़खानी नहीं कर सकते.

स्विमिंग सीखना अनिवार्य है

यहां छात्रों के लिए स्विमिंग सीखना अनिवार्य है. इस कारण स्कूल में स्विमिंग पूल बना हुआ है.

5 हफ्ते के लिए हीं समर वेकेशन

सिर्फ 5 हफ्ते के लिए हीं समर वेकेशन दिया जाता है.

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