सब नसीबो का खेल है यारों!


सब नसीबो का खेल है यारों!
सब नसीबो का खेल है यारों!

सब नसीबो का खेल है यारों!

कुछ इस तरह से इस्तेमाल हो जाते हैं हम
अपनी बेबसी पर दो अश्क बहाते हैं हम
मुश्किल है राहें जीवन की, फिर भी
हर किरदार को बखूबी निभाते हैं हम।

सब नसीबों का खेल है यारों
कोई पास, कोई फेल है यारों
मेहनत तो मजदूर कहीं कर जाता है
दो वक्त की रोटी को, फिर भी मरहूम है यारों
सब नसीबों का खेल है यारों।

Writer : Kalpana neeraj shukla


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